1 of 5 parts

बॉडी के साथ घडी की सूइयों का रिश्ता

By: Team Aapkisaheli | Posted: 03 May, 2013

बॉडी के साथ घडी की सूइयों का रिश्ता
बॉडी के साथ घडी की सूइयों का रिश्ता
प्रकृति का रिश्ता समय के बहुत ही गहरा है हर मौसम के अनुसार फसलों का आना, सूरज के उगाने के साथ ही पंछियों के चहचहाना इन सब का समय निर्धारित होता है आपने सुना होगा, कि चाहे कुछ भी हो जाऎ र्मुगें का सुबह अपने समय पर आजान देना। प्रकृति की हर चीज अपने निश्चित समय पर काम करती हैं, एक वक्त को आप चाहे ऑफिस के जाने के लिए 10-15 मिनट लेट हो जाएं लेकिन फूलों को अपने सही समय पर ही खिल जाते है। çस्त्रयों का मासिक च्रक अपने समय पर आना। क्या अपने कभी यह सोचा है कि कुछ स्वास्थ्य से संबंधित समस्याएं होती हैं जो कि चौबीस घंटों के बीच किसी खास समय पर ही व्यक्ति को परेशान करती है। क्या अपने कभी गौर किया है, ऎसा कब और क्यों होता है।
बॉडी के साथ घडी की सूइयों का रिश्ता Next
watch relationship

Mixed Bag

Ifairer


Warning: PHP Startup: Unable to load dynamic library '/opt/cpanel/ea-php54/root/usr/lib64/php/modules/xsl.so' - /lib64/libxslt.so.1: symbol xmlGenericErrorContext, version LIBXML2_2.4.30 not defined in file libxml2.so.2 with link time reference in Unknown on line 0